उत्तराखंड में वसंत पंचमी पर भारी बारिश और बर्फबारी की संभावना: मौसम विभाग ने जारी किया अलर्ट, लंबे सूखे के बाद उम्मीद की किरण!

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बर्फबारी से वसंत की सच्ची बहार? कल उत्तराखंड में IMD का येलो-ऑरेंज अलर्ट, लंबे इंतजार के बाद राहत की खबर


देहरादून : वसंत पंचमी (जिसे बसंत पंचमी भी कहा जाता है) कल 23 जनवरी (शुक्रवार) को मनाई जाएगी। यह माघ मास की शुक्ल पक्ष पंचमी तिथि पर देवी सरस्वती की पूजा, ज्ञान-विद्या और वसंत ऋतु के आगमन का पावन पर्व है। मौसम विभाग ने कल उत्तराखंड के हिमालयी क्षेत्रों में भारी बारिश और बर्फबारी की चेतावनी जारी की है, जो लंबे समय से सूखे मौसम झेल रहे लोगों के लिए बड़ी राहत की खबर है।


लंबे समय से आसमान की तरफ ताकते-ताकते लोगों की आंखें पथरा गई थीं। इस सर्दी में अब तक बर्फबारी और बारिश न के बराबर रही है, जिससे ‘स्नो ड्राउट’ जैसी स्थिति बनी हुई है। उच्च पर्वतीय इलाकों में आगजनी की घटनाएं बढ़ी हैं, तरह-तरह की बीमारियां फैली हैं और जनजीवन प्रभावित हुआ है। नदियां-नालों के स्रोत वीरान पड़ गए हैं, जबकि नैनीताल जैसे प्रमुख जलाशयों में जल स्तर गिरकर चिंता का विषय बन गया है। रबी फसलों (गेहूं, सरसों आदि) को 20-25% तक नुकसान पहुंचा है और पर्यटन भी प्रभावित हुआ है।


मौसम विभाग के अनुसार, कल 23 जनवरी को पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने से राज्य में मौसम बदलाव की संभावना है। उत्तरकाशी, रुद्रप्रयाग, चमोली, बागेश्वर और पिथौरागढ़ जिलों के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है, जहां 2800 मीटर से ऊपर भारी बर्फबारी हो सकती है। वहीं देहरादून, टिहरी, हरिद्वार, पौड़ी, अल्मोड़ा और नैनीताल में येलो अलर्ट है, जहां हल्की से मध्यम बारिश, गरज-चमक और कुछ जगहों पर ओलावृष्टि की संभावना है।


यह संभावित बारिश और बर्फबारी फसलों को जरूरी नमी प्रदान कर सकती है, जल स्रोतों को भर सकती है और प्रकृति में ताजगी ला सकती है। लोक मान्यता के अनुसार, वसंत पंचमी के आसपास अच्छी वर्षा या हिमपात वसंत ऋतु की सच्ची शुरुआत का संकेत माना जाता है, जो लोगों के लिए खुशियां और लाभ लेकर आएगी।


भारी बर्फबारी की आशंका को देखते हुए उत्तराखंड सरकार ने आपदा प्रबंधन विभाग के माध्यम से सभी तैयारियां पूरी कर ली हैं—संवेदनशील मार्गों पर जेसीबी और स्नो कटर की अग्रिम तैनाती, एंबुलेंस और स्वास्थ्य सेवाएं अलर्ट पर, गर्भवती महिलाओं की सुरक्षा के विशेष इंतजाम, पशुधन के लिए आश्रय-चारे की व्यवस्था और जरूरतमंदों को कंबल वितरण सुनिश्चित किया गया है।


वसंत पंचमी पर पीले वस्त्र पहनकर मां सरस्वती की पूजा करने वाले भक्तों से अपील है कि मौसम खराब होने पर अनावश्यक यात्रा टालें और सतर्क रहें।

देवी सरस्वती का आशीर्वाद मिले और कल की संभावित बारिश-बर्फबारी वसंत को और सुंदर बनाए!

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